ग्वालियर में 35 राउंड फायरिंग कर दहशत फैलाने वाला गैंगस्टर ‘अन्नी कमरिया’ गिरफ्तार: पांच लाख के लेनदेन पर हुआ था विवाद, पुलिस ने निकाला जुलूस
ग्वालियर शहर में 2 नवंबर को दो युवकों पर 35 गोलियां चलाकर जानलेवा हमला करने और दहशत फैलाने वाले ‘कमरिया गैंग’ के एक और शातिर सदस्य को ग्वालियर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार बदमाश की पहचान अन्नी कमरिया उर्फ अनिल के रूप में हुई है, जिस पर पुलिस ने 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद उसका जुलूस निकाला और उसे घटना स्थल पर भी ले जाया गया।
क्या था पूरा मामला?
2 नवंबर की रात, विजय सिंह गौड़ (हवलदार का बेटा) अपने दोस्त हाकिम के साथ एक दोस्त को घर छोड़ने जा रहे थे। तभी मिर्जापुर मस्जिद के पास, कुख्यात कमरिया गैंग के सरगना रिंकू कमरिया ने अपने साथियों छोटू कमरिया, कालू कमरिया, मनीष यादव, चेतन पाण्डेय, प्रियांशु और अन्नी उर्फ अनिल के साथ मिलकर उनकी गाड़ी रोक ली।
आरोपियों ने विजय सिंह गौड़ पर जान से मारने की नीयत से 35 के करीब ताबड़तोड़ गोलियां चलाईं। इस हमले में विजय के शरीर में तीन गोलियां लगीं, जबकि उसके दोस्त हाकिम पाल को भी दाहिने पैर के घुटने के नीचे गोली लगी। वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए थे।
इनामी बदमाश अन्नी कमरिया गिरफ्तार
पुलिस ने विजय की शिकायत पर मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी थी। पुलिस ने गैंग के सरगना रिंकू कमरिया और एक अन्य आरोपी राजीव उर्फ गुट्टे शर्मा को पूर्व में ही गिरफ्तार कर लिया था।
पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि 10 हजार रूपए का इनामी बदमाश अन्नी कमरिया पुरानी छावनी स्थित मूर्तिकार की पहाड़ी के नीचे देखा गया है। पुलिस टीम ने तत्काल घेराबंदी कर उसको पकड़ा।
पुलिस ने निकाला आरोपी का जुलूस

गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी अन्नी कमरिया का जुलूस निकाला और उसे उसी स्थान (मिर्जापुर मस्जिद के पास) पर भी लेकर गई, जहाँ उसने अपने साथियों के साथ मिलकर ताबड़तोड़ फायरिंग की थी।
फिलहाल, पुलिस ने आरोपी को हत्या के प्रयास के मामले में जेल भेजने की कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक, गैंग के तीन सदस्य अभी भी फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।


